हिटाची इंडिया चेयरमैन ने दिव्यांग मरीजों को प्रदान किए कृत्रिम अंग, ‘मूव विदाउट लिमिट्स’ प्रोजेक्ट से नई उम्मीद

मुरादनगर,
जीवन आशा अस्पताल एवं पुनर्वास केंद्र में एक ऐतिहासिक क्षण देखने को मिला, जब हिटाची इंडिया के चेयरमैन श्री मसाया सकाकिबारा ने ‘मूव विदाउट लिमिट्स’ – हिटाची लेग प्रोस्थेसिस प्रोजेक्ट के तहत दिव्यांग मरीजों को आधुनिक कृत्रिम पैर प्रदान किए। इस गरिमामयी समारोह में 25 से अधिक जरूरतमंद मरीजों को चिह्नित किया गया है, जिन्होंने दुर्घटना या अन्य कारणों से अपना हाथ या पैर खो दिया है। इन मरीजों को उन्नत प्रोस्थेसिस तकनीक से लैस कर नई गतिशीलता और आत्मनिर्भरता प्रदान की जाएगी।संस्थान के प्रबंधक ट्रस्टी श्री संजय जैन ने बताया, “हिटाची इंडिया के सहयोग से यह प्रोजेक्ट जरूरतमंदों को विशेषज्ञ मूल्यांकन, कृत्रिम अंग फिटिंग और पुनर्वास सेवाएं उपलब्ध कराएगा। हमारा उद्देश्य दिव्यांगजनों को समाज की मुख्यधारा से जोड़ना और उनकी जीवन गुणवत्ता में सुधार लाना है।” श्री सकाकिबारा की उपस्थिति में शुरू हुई यह पहल न केवल मरीजों को शारीरिक रूप से मजबूत बनाएगी, बल्कि उन्हें स्वतंत्र जीवन जीने की प्रेरणा भी देगी।जीवन आशा अस्पताल के डॉक्टरों और हिटाची टीम ने संयुक्त रूप से मरीजों का मूल्यांकन किया तथा प्रोस्थेसिस फिटिंग की प्रक्रिया आरंभ कर दी। श्री जैन ने कहा कि यह परियोजना ग्रामीण क्षेत्रों के उन लोगों के लिए वरदान साबित होगी, जो महंगे उपचार का खर्च न उठा पाते। अस्पताल ने हिटाची इंडिया, श्री मसाया सकाकिबारा और उनकी पूरी टीम के प्रति हार्दिक आभार व्यक्त किया।संस्थान भविष्य में भी समावेशी स्वास्थ्य सेवाओं और पुनर्वास कार्यक्रमों के जरिए समाज के हर वर्ग को सशक्त बनाने के प्रति कटिबद्ध रहेगा। यह पहल उत्तर प्रदेश के स्वास्थ्य क्षेत्र में एक मील का पत्थर साबित हो सकती है।



