
नई दिल्ली। लोकसभा में मंगलवार को विपक्षी दलों के हंगामे के कारण सदन की कार्यवाही दो बार स्थगित करनी पड़ी।
एक बार के स्थगन के बाद 12 बजे सदन के समवेत होने पर पीठासीन अधिकारी कृष्ण प्रसाद तेन्नेटी ने घोषणा की कि अध्यक्ष को कई मुद्दो पर स्थगन प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं। अध्यक्ष ने किसी भी प्रस्ताव को अनुमति प्रदान नहीं की है। इसके बाद उन्होंने आवश्यक दस्तावेज सदन के पटल पर रखवाना शुरू किया। इसबीच विपक्षी सदस्यों के हाथों में तख्तियां दिखने पर आपत्ति जताते हुए कहा कि राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव के बाद उन्हें उनके मुद्दे पर चर्चा का मौका मिलेगा। लेकिन हंगामा जारी रहा। विपक्षी सदस्य भारत-अमेरिका व्यापार समझौते का मुद्दे पर नारेबाजी कर रहे थे।
संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजीजू ने कार्यमंत्रणा समिति की सिफारिशें सदन के पटल पर रखीं जिसे सदन ने ध्वनिमत से स्वीकृत किया। इसके बाद पीठासीन अधिकारी ने विपक्षी सदस्यों से अपने स्थान पर बैठने और तख्ती हटाने की अपील की लेकिन वे नहीं माने। इस पर श्री तेन्नटी ने सदन की कार्यवाही दो बजे तक स्थगित करने की घोषणा कर दी।
इससे पहले पूर्वाह्न 11 बजे दिन की कार्यवाही शुरू होने पर अध्यक्ष ओम बिरला ने जैसे ही आसन संभाला, कांग्रेस एवं अन्य विपक्षी दलों के सदस्यों ने हंगामा शुरू किया। इस पर अध्यक्ष ने उन्हें शांत नंदूरबार लोकसभा सीट से सदस्य रहे स्वरूप सिंह हिरियानाइक के निधन की सूचना दी और इसके बाद सदन ने दो मिनट मौन रख कर दिवंगत आत्मा की शांति की प्रार्थना की। इसके बाद अध्यक्ष ने प्रश्नकाल शुरू करने की घोषणा की। इस बीच विपक्षी सदस्यों ने नारेबाजी शुरू कर दी।



