गर्मी के मौसम में निर्बाध बिजली आपूर्ति के लिए विभाग पूरी तरह तैयार -मुख्य अभियंता पवन कुमार अग्रवाल

मुख्य अभियंता प्रथम जोन पवन कुमार अग्रवाल से मनस्वी वाणी की विशेष बातचीत
हाल ही में बम्हेटा गांव या लालकुआं के पास बिजली घर बनाने की तैयारी
उपभोक्ताओं को प्रयाप्त बिजली मिले यह हमारी प्राथमिकता है
मनस्वी वाणी, संवददाता
गाजियाबाद। जैसे-जैसे तापमान में बढ़ोतरी हो रही है, वैसे-वैसे बिजली की मांग भी तेजी से बढ़ रही है। इस चुनौती से निपटने के लिए बिजली विभाग ने व्यापक तैयारियां कर ली हैं। इस संबंध में मुख्य अभियंता प्रथम जोन प्रदीप कुमार अग्रवाल ने बताया कि इस बार उपभोक्ताओं को गर्मी में किसी प्रकार की परेशानी न हो, इसके लिए विभाग पूरी तरह मुस्तैद है। उन्होंने बताया कि प्रथम जॉन में हम गर्मी को लेकर पूरी तरह से तैयार है, उपभोक्ताओं को प्रयाप्त बिजली मिले यह हमारी प्राथमिकता है, हमारे द्वारा करीब 80 हजार स्मार्ट मीटर लगाए जा चुके है वहीं 2071 सौलर कनैक्शन भी, बिजली विभाग इस समय चौबीस घंटे कार्य कर रहा है, तीन वाहन हमारे प्रथम जॉन में चलाएं जा रहे है, अगर कोई परेशानी आती है तो तुरंत उन्हें बिजली ठीक करने के लिए भेजा जाता है। बताया कि विभाग की मुस्तैदी से अब बिजली चोरी में भी काफी कमी हुई है। मुख्य अभियंता प्रदीप कुमार अग्रवाल ने भरोसा दिलाया कि इस बार गाजियाबाद में गर्मी के दौरान बिजली आपूर्ति को लेकर स्थिति बेहतर रहेगी और उपभोक्ताओं को निर्बाध बिजली उपलब्ध कराने के लिए विभाग पूरी तरह तत्पर है।

इन्ही सब मुद्दों पर मनस्वी वाणी टीम ने उनसे वार्ता की, पेश है उसके कुछ अंश:-
प्रश्न: गर्मी को देखते हुए इस बार क्या खास तैयारियां की गई हैं?
उत्तर: इस वर्ष हमने पहले से ही लोड का आकलन कर लिया है। संभावित अधिकतम मांग को ध्यान में रखते हुए सभी सबस्टेशनों की क्षमता बढ़ाई गई है। पुराने और जर्जर उपकरणों को बदल दिया गया है, जिससे ट्रिपिंग की समस्या कम होगी।
प्रश्न: ओवरलोडिंग और ट्रिपिंग से बचने के लिए क्या कदम उठाए गए हैं?
उत्तर: ओवरलोडिंग से बचाव के लिए फीडरों का लोड बैलेंस किया गया है। जहां जरूरत थी, वहां नए ट्रांसफार्मर लगाए गए हैं और अतिरिक्त फीडर भी तैयार रखे गए हैं। इसके साथ ही 24 घंटे निगरानी के लिए कंट्रोल रूम को और मजबूत किया गया है।
प्रश्न: फॉल्ट आने पर उसे कितनी जल्दी ठीक किया जाएगा?
उत्तर: हमने प्रत्येक क्षेत्र में मेंटेनेंस टीमें तैनात की हैं, जो तुरंत मौके पर पहुंचकर समस्या का समाधान करेंगी। इसके अलावा हेल्पलाइन नंबर भी सक्रिय हैं, जहां उपभोक्ता अपनी शिकायत दर्ज करा सकते हैं और त्वरित समाधान पा सकते हैं।
प्रश्न: बिजली चोरी और लाइन लॉस पर क्या रणनीति है?
उत्तर: बिजली चोरी रोकने के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है। टीमों द्वारा नियमित चेकिंग की जा रही है। इससे न केवल लाइन लॉस कम होगा, बल्कि ईमानदार उपभोक्ताओं को भी बेहतर सप्लाई मिलेगी।
प्रश्न: उपभोक्ताओं के लिए क्या संदेश देना चाहेंगे?
उत्तर: हम उपभोक्ताओं से अपील करते हैं कि बिजली का उपयोग संयमित तरीके से करें और अनावश्यक उपकरण बंद रखें। साथ ही किसी भी समस्या की जानकारी तुरंत विभाग को दें, ताकि जल्द समाधान किया जा सके।
प्रश्न: स्मार्ट मीटर को लेकर आप क्या कहेंगा यह बड़ा मुद है?
उत्तर: देखिए स्मार्ट मीटर से उपभोक्ता मोबाइल ऐप या डिस्प्ले के जरिए तुरंत देख सकता है कि कितनी बिजली खर्च हो रही है, जिससे नियंत्रण आसान होता है। अनुमानित बिल (एस्टिमेट) की जगह वास्तविक खपत के आधार पर बिल बनता है, जिससे विवाद कम होते हैं। बिजली विभाग को घर-घर जाकर रीडिंग लेने की जरूरत नहीं पड़ती, सब कुछ आॅनलाइन होता है। मोबाइल रिचार्ज की तरह पहले से बिजली रिचार्ज कर सकते हैं, जिससे बजट कंट्रोल में रहता है। लाइन में खराबी या बिजली जाने की सूचना तुरंत मिल जाती है, जिससे मरम्मत जल्दी होती है।



