
गाजियाबाद नगर निगम (GMC) ने शहर के “फेफड़े” कहे जाने वाले साईं उपवन को एक आधुनिक पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने के लिए एक महत्वाकांक्षी योजना की घोषणा की है। इस परियोजना के तहत, घने वन क्षेत्र की प्राकृतिक सुंदरता को करीब से निहारने के लिए ₹5 करोड़ की लागत से एक शानदार स्काईवॉक का निर्माण किया जाएगा। यह पहल शहरवासियों को प्रदूषण भरी जिंदगी से दूर प्रकृति के बीच सुकून के पल बिताने और गाजियाबाद में ‘इको-टूरिज्म’ (Eco-tourism) को बढ़ावा देने के उद्देश्य से शुरू की गई है। नगर निगम प्रशासन ने इस प्रोजेक्ट को हरी झंडी दे दी है, जिससे जल्द ही धरातल पर निर्माण कार्य शुरू होने की उम्मीद है।
परियोजना की विशिष्टताओं की बात करें तो, यह स्काईवॉक लगभग 650 मीटर लंबा होगा, जो जमीन से काफी ऊँचाई पर पेड़ों के बीच से गुजरेगा। यह गाजियाबाद का पहला ऐसा प्रोजेक्ट होगा जहाँ लोग ऊँचाई से जंगल का विहंगम दृश्य (Bird’s-eye view) देख सकेंगे। इसके अतिरिक्त, खेल प्रेमियों और फिटनेस के प्रति जागरूक युवाओं को आकर्षित करने के लिए परिसर में आधुनिक बास्केटबॉल और पिकलबॉल (Pickleball) कोर्ट भी बनाए जाएंगे। पिकलबॉल वर्तमान में दुनिया भर में तेजी से लोकप्रिय हो रहा एक खेल है, और इसके लिए समर्पित कोर्ट बनाना शहर की खेल संस्कृति को एक नई दिशा प्रदान करेगा।
इस विकास कार्य से साईं उपवन की लोकप्रियता में भारी इजाफा होने की संभावना है, जिससे यहाँ आने वाले पर्यटकों की संख्या में भी वृद्धि होगी। निगम ने यह सुनिश्चित किया है कि निर्माण के दौरान वन क्षेत्र और मौजूदा पेड़ों को कोई नुकसान न पहुँचे, बल्कि पारिस्थितिकी तंत्र को और अधिक मजबूत किया जाए। यह प्रोजेक्ट न केवल मनोरंजन का साधन बनेगा, बल्कि स्थानीय निवासियों के लिए सुबह की सैर और फिटनेस का एक अनूठा केंद्र भी साबित होगा। आगामी 15 महीनों के भीतर इसे पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है, जिसके बाद गाजियाबाद के पास अपना एक अनूठा ‘नेचर ट्रेल’ होगा। यह कदम शहर के सौंदर्यीकरण और पर्यावरण संरक्षण के बीच एक बेहतरीन संतुलन पेश करता है।



