गाजियाबाद

तहसील बार एसोसिएशन के अधिवक्ताओं ने की हड़ताल

सब रजिस्ट्रार पर अभद्रता का आरोप
सस्पेंशन और सख्त कार्रवाई की मांग, आमजन के पंजीकरण कार्य प्रभावित
मनस्वी वाणी, संवाददाता
गाजियाबाद। सदर तहसील परिसर स्थित तहसील बार एसोसिएशन गाजियाबाद के अधिवक्ताओं और दस्तावेज लेखकों ने सब रजिस्ट्रार पर अभद्र व्यवहार का आरोप लगाते हुए न्यायिक कार्य और पंजीकरण कार्य से पूर्णत: विरत रहने का निर्णय लिया है। इस निर्णय के चलते तहसील परिसर में पंजीकरण संबंधी कार्य प्रभावित रहे, जिससे आमजन को असुविधा का सामना करना पड़ा।
बार एसोसिएशन द्वारा जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, दिनांक 23 फरवरी को पंजीकरण कार्य में आ रही जटिलताओं और आम नागरिकों को हो रही परेशानियों के संबंध में वर्तमान कार्यकारिणी एवं वरिष्ठ अधिवक्ताओं का एक प्रतिनिधिमंडल सब रजिस्ट्रार कार्यालय पहुंचा था। इस दौरान सब रजिस्ट्रार-तृतीय ए.के. यादव द्वारा अधिवक्ताओं के साथ कथित रूप से अभद्र व्यवहार और दुर्व्यवहार किए जाने से अधिवक्ताओं एवं दस्तावेज लेखकों में भारी रोष व्याप्त हो गया। इस प्रकरण को लेकर बार एसोसिएशन की जनरल बॉडी की आपात बैठक बुलाई गई, जिसमें सर्वसम्मति से प्रस्ताव पारित कर संबंधित सब रजिस्ट्रार को तत्काल प्रभाव से निलंबित करने तथा उनके विरुद्ध सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की गई। विरोध स्वरूप अधिवक्ताओं और दस्तावेज लेखकों ने न्यायिक और पंजीकरण कार्य से पूर्णत: विरत रहते हुए हड़ताल पर रहने का निर्णय लिया।
बार एसोसिएशन के अध्यक्ष अशोक कुमार वर्मा एडवोकेट और सचिव दीपक वार्ष्णेय एडवोकेट के नेतृत्व में हुए इस विरोध प्रदर्शन में पूर्व अध्यक्ष अतवीर सिंह एडवोकेट, पंकज शर्मा एडवोकेट, पूर्व सचिव के.पी. सिंह एडवोकेट, शंकर सिंह एडवोकेट, विनोद गौतम एडवोकेट, दस्तावेज लेखक संघ के अध्यक्ष गौरव चौधरी, सचिव रविन्द्र शर्मा सहित अनेक वरिष्ठ अधिवक्ता और पदाधिकारी मौजूद रहे। अधिवक्ताओं ने स्पष्ट कहा कि जब तक संबंधित अधिकारी के विरुद्ध उचित कार्रवाई नहीं की जाती, तब तक उनका विरोध जारी रहेगा। उन्होंने प्रशासन से अधिवक्ताओं के सम्मान और गरिमा की रक्षा सुनिश्चित करने तथा पंजीकरण प्रक्रिया को सुचारू बनाने के लिए तत्काल हस्तक्षेप करने की मांग की है।

Sandeep Singhal

संदीप सिंघल गाजियाबाद के वरिष्ठ पत्रकार हैं। वे लंबे समय से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय रहते हुए सामाजिक, प्रशासनिक एवं जनहित से जुड़े मुद्दों को निष्पक्षता और ईमानदारी के साथ उठाते आ रहे हैं। उनकी लेखनी तथ्यात्मक, निर्भीक और जनभावनाओं को प्रतिबिंबित करने वाली मानी जाती है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button