
- मसूरी पुलिस ने बेगुनाह को जेल भेजने से बचाया
- पुलिस जांच पड़ताल में हुआ खुलासा
गाजियाबाद। मसूरी थाना क्षेत्र के भूड़ गढ़ी में विगत समय कुल्हाड़ी से काटकर एक बुजुर्ग महिला की हत्याकांड का खुलासा करते हुए पुलिस ने इस मामले में गहन जांच पड़ताल और साक्ष्य के आधार पर मुखबिर तंत्र के द्वारा जांच पड़ताल में पाया कि पड़ोसी से विवाद के चलते मृतका के पुत्र ने ही उन्हें फसाने के उद्देश्य से षड्यंत्र रचकर अपनी मां की हत्या की घटना को अंजाम दिया था। पुलिस ने इस हत्याकांड में जहां बेगुनाह को जेल जाने से बचाया तो वही असली आरोपी कलयुगी पुत्र को गिरफ्तार कर आला कत्ल भी बरामद किया है। देहात कप्तान सुरेंद्रनाथ तिवारी ने जानकारी देते हुए बताया कि मसूरी पुलिस द्वारा संकलित साक्ष्य, मैनुअल इनपुट के आधार पर 10मार्च 2026 को हत्याकांड का सफल अनावरण करते हुये प्रकाश में आये मृतका के बेटे को गिरफ्तार किया गया है। निरीक्षण घटना स्थल से घटना में प्रयुक्त आला कत्ल कुल्हाडी भी बरामद की गई है। दरअसल वादी खडकू पुत्र पूरन निवासी ग्राम भूडगढी थाना मसूरी द्वारा उपस्थित थाना पर आकर एक लिखित तहरीर दी गई कि आरोपी डब्बू और जसवीर उर्फ छग्गा पुत्र जयसिंह निवासी ग्राम भूडगढी थाना मसूरी द्वारा वादी के पुत्र अनिल के द्वारा उधार के पैसे मांगने पर वादी के पुत्र अनिल के साथ गाली गलौज कर मारपीट करना व शोर सुनकर बचाने आयी वादी की पत्नी लीला के साथ भी मारपीट करना जिससे वादी की पत्नी की चोटे आना, झगडे के बाद घर के अन्दर चले जाना, सुबह घर का दरवाजा खोलने पर बेटे व पडोसियो को वादी की पत्नी लीला का मृत अवस्था शव मिलने की सूचना पर तत्काल मसूरी पुलिस द्वारा घटना स्थल पर पहुँच कर फोरेंसिक टीम को घटना स्थल पर बुलाया गया। निरीक्षण के उपरान्त मृतका के शव को महिला सब इंस्पेक्टर की उपस्थिति में पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया था। 10 मार्च 2026 को वादी की तहरीर के आधार पर मसूरी पर मुकदमा दर्ज किया गया था। घटना स्थल के आसपास के लोगों से व गोपनीय रूप से जानकारी करने पर नामजद अभियुक्तों की संलिप्ता संदिग्ध प्रतीत होने पर घटना का सही खुलासा थाना प्रभारी अजय चौधरी के नेतृत्व में थाना स्तर पर टीम का गठन किया गया । थाना प्रभारी की अगुवाई में पुलिस द्वारा संकलित साक्ष्य, मैनुअल इनपुट के आधार पर मुकदमा में नामित डब्बू व उसके भाई छग्गा उर्फ जसवीर की घटना करने में कोई संलिप्ता नहीं पायी गयी बल्कि मृतिका के बेटे अनिल की घटना करने में पूर्ण संलिप्ता पाये जाने पर कलयुगी पुत्र अनिल का नाम प्रकाश में आया जिसकी गिरफ्तारी की गयी । पुलिस एव फोरेंसिक टीम द्वारा निरीक्षण के दौरान घटना स्थल से एक कुल्हाडी व एक पत्थर बरामद हुआ। जिसे सील किया। गिरफ्तारी कर आरोपी पुत्र अनिल से पूछताछ के दौरान अपने जुर्म का इकबाल किया गया। पुलिस पूछताछ में अनिल ने अपने जुर्म का इकबाल करते हुये बताया कि यह 02 भाई बहन है। 08मार्च 2026 को उसके पिता खडकू छोटी बहन के साथ दिल्ली में बुआ के घर भात भरने गये थे। घर पर मैं और मेरी मम्मी अकेले थे। मैं अपने मोहल्ले के डब्बू व उसके भाई छग्गा उर्फ जसवीर के साथ मजदूरी का काम करता हूँ। मेरे मजदूरी के डब्बू पर 1200 रुपये निकल रहे थे। मैंने शराब पी रखी थी। मैं अपनी मजदूरी के पैसे मांगने डब्बू के घर जा रहा था तो रास्ते में डब्बू से पैसे मांगने को लेकर मुंहभाषा हो गयी थी। डब्बू ने पैसे देने से इंकार कर रहा था। मुझे गुस्सा आया मैंने अपने घर में रखी कुल्हाडी लेकर डब्बू को मारने के लिये जा रहा था। मेरी मम्मी ने मुझे रोका और डांटा और मुझसे कुल्हाडी छीनने लगी और मेरे थप्पड़ मार दिया। मुझे गुस्सा आया और मैंने कुल्हाडी अपनी मम्मी के सिर में मार दी और पास में ही पड़ा पत्थर भी सिर में मार दिया। मम्मी बहोश हो गयी। मैंने बाहर से दरवाजा बंद कर दिया और मैं दूसरे कमरे में सो गया था। सुबह को जब देखा मम्मी के सिर में से काफी खून निकल रहा था जो मर चुकी थी, मैंने अपने आप को बचाने के लिये अपने पडोसी छग्गा उर्फ जसवीर व उसका भाई डब्बू का नाम अपने पापा व अपने परिजनों से बता दिया था कि मम्मी को इनके द्वारा मार दिया है। पापा के घर आने पर थाने में डब्बू व छगा उर्फ जसवीर के खिलाफ मुकदमा लिखा दिया था। मैंने कुल्हाडी व पत्थर तखत के नीचे डाल दिये थे।



